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ये कहानी इक ऐसे व्यक्ति की है
जो एक फ्रीजर प्लांट में काम करता था ।
वह दिन का अंतिम समय था व् सभी घर जाने
को तैयार थे तभी प्लांट में एक
तकनीकी समस्या उत्पन्न
हो गयी और वह उसे दूर करने में जुट गया ।
जब तक वह कार्य पूरा करता तब तक अत्यधिक देर
हो गयी ।
दरवाजे सील हो चुके थे व्
लाईटें बुझा दी गईं ।
बिना हवा व् प्रकाश के
पूरी रात आइस प्लांट में फसें रहने
के कारण
उसकी बर्फीली कब्रगाह
बनना तय था ।
घण्टे बीत गए तभी उसने
किसी को दरवाजा खोलते पाया ।…
क्या यह इक चमत्कार था ?
सिक्यूरिटी गार्ड टोर्च लिए खड़ा था व् उसने उसे
बाहर निकलने में मदद की। वापस आते समय उस
व्यक्ति ने सेक्युर्टी गार्ड से पूछा “आपको कैसे
पता चला कि मै भीतर हूँ ?” गार्ड ने उत्तर दिया ”
सर, इस प्लांट में 50 लोग कार्य करते हैँ पर सिर्फ एक आप हैँ
जो सुबह मुझे नमस्कार व् शाम को जाते समय फिर मिलेंगे कहते हैँ ।
आज सुबह आप ड्यूटी पर आये थे पर शाम
को आप बाहर नही गए । इससे मुझे शंका हुई और
मैं देखने चला आया ।
वह
व्यक्ति नही जानता था कि उसका किसी को छोटा सा सम्मान
देना कभी उसका जीवन बचाएगा ।
याद रखेँ, जब भी आप किसी से मिलते
हैं तो उसका गर्मजोश मुस्कुराहट के साथ सम्मान करें ।

Ajay Kohli

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About ajaykohli

Consultant ,deals in life management, psychology, astrology ,vaastu , fitness ,diet ,relationship counseling

Posted on May 23, 2015, in humanity and tagged . Bookmark the permalink. Leave a comment.

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